सीलन भरे कमरों काम करने को मजबूर परवानू पुलिस के अधिकारी
सीलन भरे कमरों काम करने को मजबूर परवानू पुलिस के अधिकारी
परवानू पुलिस द्वारा इन दिनों चोरों और नशा खोरों पर रोक लगाने का काम चरम पर पर है l स्टाफ की कमी के व् वीआईपी मूवमेंट के बाद भी परवानू पुलिस बेहतर कार्य कर रही है l परन्तु अफ़सोस व् हैरत की बात यह है की पुलिस थाना परवानू जहाँ ये अधिकारी बैठ कर कार्य करते हैं वह आम इंसान के खड़े होने लायक भी नहीं है l इन कमरों में इतनी सीलन व् काई जमी है की एक बार को देखने में यह बिलकुल खंडहर लगती है l इस बारे में जब विभाग के कर्मचारियों से पूछा गया उन्होंने बताया की पिछले लगभग 3 वर्षों से अधिक समय से यहाँ सफेदी या मुरम्मत कार्य नहीं हुए हैं l यह भी जानकारी मिली की 2020 में थाने की मरम्मत व् रख रखाव के लिए हिमुडा को 2 लाख रूपये आये थे ।

जिस से थोड़ा बहुत मुरम्मत का काम हाल ही में 4 या 5 महीने पहले कुछ घरों में कराया गया था l गौर हो की पुलिस थाने के अन्दर ही पुलिसकर्मियों के परिवारों के लिए कुल 15 मकान हैं परन्तु उनमे भी कई वर्षों से सफेदी या मरम्मत कार्य नहीं हुए हैं l कर्मचारियों की कमी व् गंदगी भरी जगह में काम करके भी पुलिस चोरी और नशा खोरी के खिलाफ बेहतर प्रदर्शन कर रही है l हैरानगी इस बात की भी है की परवानू थाने में स्वीकृत कर्मचारियों की संख्या 1975 के अनुसार ही है l जबकि 1975 की आबादी से आज की आबादी लगभग तीन से चार गुना जाया हो गयी है l परन्तु अब तक स्वीकृत कर्मचारियों की संख्या को बढ़ाया नहीं गया है l जिस कारण परवानू के सभी प्रवेश द्वार खुले जिस से चोरों व् नशा खोरों को परवानू में आने जाने में कोई कठिनाई नहीं होती l हाल ही में स्थानीय विधायक विनोद सुल्तानपुर के साथ बैठक के दौरान भी उद्योग संघ ने पुलिस विभाग में कर्मचारियों की कमी का मुदा उठाया था l

इस बारे में डीएपी प्रणव चौहान ने बताया की हमारे द्वारा मकानों के लिए 5 लाख व् थाने के लिए 2 .80 लाख का प्रस्ताव भेजा गया है l आशा है जल्द से जल्द इसकी स्वीकृति विभाग की ओर से मिल जाएगी तथा मुरम्मत व् रखरखाव का कार्य पूरा किया जायेगा l
